नवोदय गैस एजेंसी ने किया गजब कारनामा OTP से कन्फर्म डिलीवरी के बाद भी सिलेंडर उठा ले गई एजेंसी !
एमजी न्यूज़ नेटवर्क : आगरा: 14 अप्रैल 2026 : जनपद आगरा के कमला नगर क्षेत्र में रसोई गैस आपूर्ति को लेकर एक गंभीर मामला सामने आया है, जिसने उपभोक्ताओं के बीच चिंता और असुरक्षा की स्थिति पैदा कर दी है। स्थानीय निवासी एवं एमजी न्यूज़ के संपादक जितिन श्रीवास्तव द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत में Indian Oil Corporation Limited से संबद्ध नवोदय गैस एजेंसी पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं।
क्या है पूरा मामला?
प्राप्त जानकारी के अनुसार, उपभोक्ता द्वारा 24 मार्च 2026 को गैस सिलेंडर की बुकिंग की गई थी, जिसकी डिलीवरी 26 मार्च को विधिवत OTP के माध्यम से कन्फर्म भी कर दी गई। लेकिन हैरानी की बात यह रही कि अगले ही दिन 27 मार्च को एजेंसी के डिलीवरी कर्मी ने यह कहते हुए कि “पुरानी बुकिंग की सप्लाई चल रही है”, पहले से डिलीवर किया गया सिलेंडर वापस ले लिया।
यह घटना न केवल उपभोक्ता अधिकारों का उल्लंघन मानी जा रही है, बल्कि LPG वितरण के स्थापित नियमों के खिलाफ भी है।
अन्य गंभीर आरोप भी सामने आए
शिकायत में एजेंसी पर कई अन्य अनियमितताओं के आरोप लगाए गए हैं, जिनमें शामिल हैं:
टूटी हुई सील वाले गैस सिलेंडरों की सप्लाई
डिलीवरी के समय सिलेंडर का वजन न करना
निर्धारित मात्रा से कम गैस की आपूर्ति की आशंका
उपभोक्ताओं को भ्रामक जानकारी देकर गुमराह करना
विशेषज्ञों के अनुसार ये सभी कृत्य LPG Control Order 2000, मार्केटिंग डिसिप्लिन गाइडलाइंस और सुरक्षा मानकों का उल्लंघन हो सकते हैं।
पैनिक का माहौल, प्रशासन मौन
वर्तमान समय में गैस बुकिंग और सप्लाई को लेकर पहले से ही आम जनता में असमंजस और अफवाहों का माहौल है। ऐसे में डिलीवरी के बाद सिलेंडर वापस लेना उपभोक्ताओं के बीच दहशत और अविश्वास को और बढ़ा रहा है।
गंभीर बात यह भी है कि उपभोक्ता द्वारा 11 अप्रैल 2026 को इंडियन ऑयल के वरिष्ठ अधिकारियों—मुख्य महाप्रबंधक (सतर्कता) एवं मुख्य सतर्कता अधिकारी—को ईमेल के माध्यम से शिकायत भेजी गई, लेकिन 13 अप्रैल तक कोई जवाब नहीं मिला। इससे विभागीय लापरवाही और जवाबदेही पर सवाल उठ रहे हैं।
उपभोक्ता ने की ये मांगें
शिकायतकर्ता ने प्रशासन से निम्नलिखित मांगें की हैं:
मामले की उच्च स्तरीय निष्पक्ष जांच
दोषी एजेंसी और कर्मचारियों पर सख्त कार्रवाई
तत्काल गैस सिलेंडर की उपलब्धता
उपभोक्ता अधिकारों के हनन पर मुआवजा
एजेंसी की कार्यप्रणाली की व्यापक जांच
प्रशासन के लिए बड़ा सवाल
यह मामला न केवल एक उपभोक्ता की परेशानी का है, बल्कि पूरे सिस्टम की पारदर्शिता और जवाबदेही पर प्रश्नचिह्न खड़ा करता है। ऐसे में कुछ और बड़े सवाल खड़े होते हैं जो अभी तक अनुत्तरित हैं …
Indian Oil से जुड़ी एजेंसी पर बड़ा सवाल—शिकायत के बाद भी अधिकारी चुप क्यों हैं ?
डिलीवरी के बाद सिलेंडर वापस लेना—क्या यह वैध है?
गैस एजेंसी की मनमानी या सिस्टम की नाकामी?

